
कक्षा 9वीं के छात्र के सिर, पीठ और घुटने में चोट का आरोप; चंद्रपुर पुलिस ने BNS समेत किशोर न्याय अधिनियम की धाराओं में दर्ज किया अपराध
सक्ती। चंद्रपुर स्थित सरस्वती शिशु मंदिर के कक्षा 9वीं के छात्र से कथित मारपीट के मामले में पुलिस ने विद्यालय के प्राचार्य जगन्नाथ नायक के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। छात्र के परिजनों की शिकायत पर चंद्रपुर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 351(3), 115(2) तथा किशोर न्याय (बच्चों की देखरेख और संरक्षण) अधिनियम की धारा 75 के तहत मामला पंजीबद्ध कर जांच शुरू कर दी है। शिकायत में छात्र के सिर, पीठ और बाएं घुटने में चोट लगने का उल्लेख किया गया है।
छात्रावास परिसर में मारपीट का आरोप
पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार, ग्राम तिलाईपाली निवासी शशिभूषण गुप्ता का पुत्र क्षत्रपति गुप्ता चंद्रपुर के सरस्वती शिशु मंदिर में कक्षा 9वीं में अध्ययनरत है और विद्यालय के छात्रावास में रहकर पढ़ाई करता है।
परिजनों का आरोप है कि 30 सितंबर को दोपहर करीब 12 बजे छात्रावास के बाथरूम के पास छात्र अपने सहपाठी से बातचीत कर रहा था। इसी दौरान प्राचार्य वहां पहुंचे और छात्र के साथ कथित रूप से गाली-गलौज करते हुए मारपीट की। शिकायत में छात्र को हाथ-मुक्के से मारने तथा बाल पकड़कर जमीन पर पटकने का भी आरोप लगाया गया है।
सीसीटीवी फुटेज की भी जांच-
घटना से संबंधित सीसीटीवी फुटेज सामने आने की बात भी कही जा रही है। पुलिस मामले की जांच के दौरान उपलब्ध फुटेज सहित अन्य साक्ष्यों की पड़ताल कर रही है। छात्र को लगी चोटों और घटना की परिस्थितियों को लेकर भी पुलिस संबंधित पक्षों से जानकारी जुटा रही है।
रात में विद्यालय पहुंचे परिजन, थाने में कि शिकायत-
परिजनों के अनुसार, घटना की जानकारी मिलने के बाद वे उसी रात करीब 10 बजे विद्यालय पहुंचे। इसके बाद मामले की शिकायत चंद्रपुर थाने में की गई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी प्राचार्य के खिलाफ विभिन्न धाराओं में अपराध दर्ज कर लिया।
फिलहाल पुलिस द्वारा छात्र, उसके परिजनों, विद्यालय से जुड़े लोगों एवं अन्य संबंधित पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। घटना के वास्तविक कारणों और पूरे घटनाक्रम की जांच के बाद ही स्थिति और स्पष्ट होगी।
कड़ी कार्रवाई की मांग-
घटना सामने आने के बाद छात्र के परिजनों तथा क्षेत्र के लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई किए जाने की मांग की है। वहीं पुलिस का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मामला दर्ज होने के बाद अब जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों पर सभी की नजर है।


